बस यूँ ही कुछ किया तुम करो

#बस यूँ ही कुछ किया तुम करो

कुछ लिखा तुम करो,
कुछ पढ़ा तुम करो,
न मरा तुम करो,
न डरा तुम करो,
बस बढ़ा तुम करो,
बस यूँ ही कुछ किया तुम करो…

आँखों में न गड़ा तुम करो,
न किसी से सड़ा तुम करो,
खुद की सोच को बड़ा तुम करो,
दुश्मन के आगे अड़ा तुम करो,
क्रोध से अपने डरा तुम करो,
बस यूँ ही कुछ किया तुम करो…

खुद को किसी लायक खड़ा तुम करो,
ज़िन्दगी में कुछ बड़ा तुम करो,
ख़ुदको पैसों से बड़ा तुम करो,
फल को न मरो कर्म तुम करो,
तानो को कभी झेला तुम करो,
बस यूँ ही कुछ किया तुम करो…

किसी की भावना से खेल न तुम करो,
नशे का त्याग तुम तो करो,
लोगो की मदद तुम तो करो,
बेज़ुबान को प्यार तुम तो करो,
दिमाग को आराम दिया तुम तो करो,
बस यूँ ही कुछ किया तुम करो…

भेद-भाव को परे तुम तो करो,
हिन्दू-मुस्लिम तुम न करो,
काला-गोरा न करा तुम करो,
स्वर्ग-नर्क में न फसा तुम करो,
गरीब-अमीर में न बंटा तुम करो,
कभी अकेले नई राह पर चला तुम करो,
बस यूँ ही कुछ किया तुम करो…
बस यूँ ही कुछ किया तुम करो।

#विजय सिंह यादव

Leave a comment